- नर्सिंग अधिकारियों ने किया सचिवालय कूच, सौंपा ज्ञापन
नीरज पाल, संवाददाता
देहरादून। वर्षवार भर्ती की मांग को लेकर प्रदेशभर के नर्सिंग अधिकारियों ने सचिवालय कूच किया। पुलिस ने सचिवालय के पास बेरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोक दिया, जिसके बाद प्रदर्शनकारी वहीं धरने पर बैठ गए और सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की।
मंगलवार को नर्सिंग एकता मंच के प्रदेश अध्यक्ष नवल पुंडीर के नेतृत्व में प्रदेशभर के नर्सिंग अधिकारी तिब्बती मार्केट के सामने एकजुट होकर सचिवालय कूच किया। इस दौरान पहले से ही पुलिस द्वारा बेरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोक दिया। जिसके बाद प्रदर्शनकारी वहीं धरने पर बैठ गए और सरकार के खिलाफ जोरदार हल्ला बोलकर जमकर नारेबाजी करने लगे। करीब एक घंटे तक प्रदर्शन करने के बाद प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और नर्सिंग एकता मंच द्वारा ज्ञापन सौंप कर एक सप्ताह का समय मांगा। मंच ने चेतावनी दी कि अगर जल्द मांगें पूरी नहीं हुई तो पूरे प्रदेशभर में आंदोलन किया जाएगा।

नर्सिंग एकता मंच के प्रदेश अध्यक्ष नवल पुंडीर ने बताया कि परीक्षा-आधारित भर्ती नोटिफिकेशन से 2014, 2015 और 2016 बैच के अभ्यर्थी बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। उन्होंने कहा कि मंच दो वर्ष से वर्षवार भर्ती की मांग कर रहा है, लेकिन अचानक जारी हुए नोटिफिकेशन से हजारों अभ्यर्थियों का भविष्य संकट में है।
उन्होंने ने स्वास्थ्य मंत्री से वर्षवार मॉडल बहाल करने की अपील करते हुए कहा कि इससे करीब 1500, 2000 अभ्यर्थियों को राहत मिलेगी, जिन्हें जूनियर कैटेगरी के कारण अब तक नियुक्ति नहीं मिल सकी है। मंच के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि नई व्यवस्था में सामान्य और ओबीसी वर्ग को नुकसान हो रहा है, जबकि कुछ श्रेणियों को अधिक लाभ मिला है।
मधु उनियाल ने मांग कि है कि भर्ती पूरी पारदर्शिता के साथ हो, वंशवाद और पक्षपात की मानसिकता से हटकर पुराने बैचों को प्राथमिकता दी जाए, ताकि न सिर्फ रोजगार के अवसर बढ़ें बल्कि स्वास्थ्य सेवाएं भी मजबूत हों। मधु ने कहा कि सरकार यदि सही निर्णय लेती है तो प्रदेश का समूचा नर्सिंग समुदाय उसका ऋणी रहेगा
प्रदर्शनकारियों में उपाध्यक्ष सरिता जोशी, सचिव राजेंद्र कुकरेती, संरक्षण विकास पुंडीर, सह सचिव अनिल रमोला, प्रदेश मीडिया प्रभारी प्रवेश रावत, कोषाध्यक्ष मधु उनियाल, सुभाष रावत, संगठन मंत्री अम्बिका गौड़, प्रदेश प्रवक्ता स्तुति सती, प्रदेश महामंत्री प्रदीप बिष्ट, अमन अग्रवाल, कार्यकारिणी सदस्य आकाश लेखवार, अजीत भंडारी, पपेद्रं बिष्ट, लक्ष्मी कठैत, प्रतिभा काला, यशपाल रावत सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी मौजूद रहे।
यह है प्रमुख मांग :-
1. वर्तमान समय में जारी नर्सिंग अधिकारी भर्ती परीक्षा पोर्टल को तुरन्त प्रभाव से बन्द किया जाये।
2. नर्सिंग अधिकारी भर्ती को पूर्व की भांति वर्षवार प्रक्रिया के अनुसार संचालित किया जाए।
3. आईपीएचएस (IPHS) मानकों के आधार पर नर्सिंग अधिकारियों के कम से कम रिक्त 2500 पदों पर एक साथ भर्ती निकाली जाए।
4. निर्धारित आयु सीमा पार कर चुके अभ्यर्थियों को इस भर्ती में विशेष आयु छूट प्रदान की जाए।
5. इस भर्ती प्रक्रिया में उत्तराखण्ड राज्य के मूल निवासी अभ्यर्थियों को प्राथमिकता दी जाए।
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