उत्तराखंड : 100 दिनों के उपलब्धियां बताते हुए शायराना अंदाज में बोले गणेश जोशी, ‘‘ना पूछ कि मेरी मंजिल कहां है, अभी तो सफर का इरादा किया है’’

उत्तराखंड : 100 दिनों के उपलब्धियां बताते हुए शायराना अंदाज में बोले गणेश जोशी, ‘‘ना पूछ कि मेरी मंजिल कहां है, अभी तो सफर का इरादा किया है’’

सरकार के 100 दिन पूरे होने पर कृषि, ग्राम्य विकास व सैनिक कल्याण विभाग का लाभार्थी सम्मान समारोह।

मुख्यमंत्री ने कहा 2025 को ध्यान में रख कर बनाएं बेस्ट प्रेक्टिसेज का ड्राफ्ट।

देहरादून/इंफो उत्तराखंड 

राज्य सरकार के 100 दिन पूरे होने के उपलक्ष्य में कृषि, उद्यान, ग्राम्य विकास तथा सैनिक कल्याण विभाग द्वारा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी तथा विभागीय मंत्री गणेश जोशी के नेतृत्व में मुख्यसेवक सदन सभागार में लाभार्थी सम्मान कार्यक्रम आयोजित किया गया।

इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी तथा कृषि, ग्राम्य विकास मंत्री गणेश जाशी द्वारा सैनिक कल्याण विभाग के अंतर्गत टनकपुर एवं गोपेश्वर में सैनिक विश्राम गृहों का शिलान्यास किया गया।

कृषि एवं कृषक कल्याण विभाग के अंतर्गत कृषि एवं उद्यान विभाग के विजन डॉक्यूमेंट का विमोचन, चम्पावत एवं देहरादून के एक-एक गावों में मुख्यमंत्री मधु ग्राम योजना का शुभारम्भ किया गया तथा सगंध पादपों के अंतर्गत तेजपत्ता उत्पादन के सर्वांगीण विकास हेतु राजकीय उद्यान खतेड़ा, चम्पावत में उत्कृष्टता केन्द्र की स्थापना की घोषणा की गई।

ग्राम्य विकास विभाग के अंतर्गत ‘‘प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण)’’ के तहत राज्य में तैयार 5000 आवासों का लाभार्थियों को आवंटन किया गया। मुख्यमंत्री द्वारा 51 आवास लाभार्थियों को उनके पक्के मकानों की चाबी तथा बर्तन इत्यादि खरीदने के लिए पूर्व में की गई घोषणा के अनुसार 5000 का चैक भी वितरित किया गया।

‘‘अंतर्राष्ट्रीय कृषि विकास निधि (आईफैड)’’ द्वारा सहायतित 771 करोड़ की ‘‘रूरल इंटप्राइज एक्सलरेशन प्रोग्राम (रीप)’’ योजना का औपचारिक लांच किया गया तथा तथा ‘‘दीनदयाल उपाध्याय कौशल विकास योजना (ग्रामीण)’’ के माध्यम से प्रशिक्षण प्राप्त 50 लाभार्थियों को नियुक्ति पत्र, प्रशस्ति पत्र तथा उत्कृष्ठ कार्य कर रहे किसानों को सम्मानित किया गया।

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कृषि-औद्यानिक दृष्टि पत्र-2027 एवं रेशम विभाग उत्तराखण्ड का आगामी पांच वर्षों के लिए दृष्टि पत्र का विमोचन भी किया।

विभागीय उपलब्धियों तथा अपनी कार्ययोजना का खाका प्रस्तुत करते समय कृषि मंत्री ने बड़े ही शायराना अंदाज में अपनी बात शुरू की।

ना पूछ कि मेरी मंजिल कहां है
अभी तो सफर का इरादा किया है।
ना हारूंगा हौसला चाहे कुछ भी हो

ये मैंने किसी और से नहीं, खुद से वादा किया है।

उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने देवभूमि उत्तराखंड को उन्नति के शिखर तक पहुँचाने का प्रण लिया है। हमारी सरकार ने पहले ही कहा था कि आने वाला दशक उत्तराखण्ड का दशक होगा।

आज 100 दिनों के इस अल्प कार्यकाल में मुख्यमंत्री धामी जी के नेतृत्व में राज्य के विकास का लॉचिंग पैड तैयार हो चुका है। जिस पर राज्य उन्नति के नए शिखरां को छूने के लिए तैयार है।
कहा कि राज्य की युवाओं की नई उम्मीद, और ‘‘विकल्प रहित संकल्प’’ की राजनीति के रोल मॉडल बन कर उभरे युवा व ऊर्जावान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कुशल नेतृत्व में इस राज्य की देवतुल्य जनता ने पिछले 120 दिनों में एक नहीं बल्कि दो – एतिहासिक कारनामे किए हैं।

पहला एतिहासिक काम हुआ कि – राज्य के 22 साल के इतिहास में यह पुष्कर सिंह धामी जी के नेतृत्व में पहली बार हुआ कि तमाम राजनीतिक कयासों और अटकलबाजियों के बाद भी राज्य की जनता ने परम्पराओं को तोड़ कर आपके नेतृत्व में दोबारा से किसी राजनीतिक दल को सत्ता की बागडोर सौंपी। खाली सौंपी ही नहीं बल्कि पूर्ण बहुमत से आगे जाकर सौंपी।

दूसरी बार इतिहास तब बना जब हमारे धामी जी रिकार्ड तोड़ 94 प्रतिशत मतों के साथ सभी विरोधियों को चारों खाने चित्त करके विजयी घोषित हुए।

उत्तराखंड राज्य की विषम भौगोलिक चुनौतियों के मध्य हमारी सरकार ने समर्पित होकर प्रयास किये हैं। अपने अधीन विभागां के समस्त अधिकारियों कर्मचारियों की टीम की ओर से मैं मुख्यमंत्री महोदय और राज्य की जनता को यह विश्वास दिलाता हूं कि राज्य की विकास आकांक्षाओं को संबोधित करने के लिए हम एड़ी चोटी का जोर लगा देंगे।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस अवसर पर घोषणा की कि मधुग्राम योजना के अंतर्गत जनपद चंपावत में सिप्टी न्याय पंचायत एवं जनपद देहरादून में चामासारी (रायपुर) का चयन कर क्रियान्वयन किया जायेगा।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि आज राज्य सरकार ने विकास, समर्पण एवं प्रयास के 100 दिन पूर्ण कर लिये हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें प्रदेश की देवतुल्य जनता की सेवा करने के लिए मुख्य सेवक के रूप में जो जिम्मेदारी मिली है, जन अपेक्षाओं को पूरा करने के हर संभव प्रयास किये जा रहे हैं। राज्य सरकार विकल्प रहित संकल्प के साथ आगे बढ़ रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखण्ड धर्म एवं आध्यात्म के केन्द्र के साथ ही सैनिक बहुल प्रदेश भी है। सैन्य क्षेत्र में उत्तराखण्ड का हमेशा से बड़ा योगदान रहा है। उन्होंने कहा कि टनकपुर एवं गोपेश्वर में सैनिक विश्राम गृह बनने से यहां ठहरने के लिए सैनिकों को काफी सुविधा होगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि जो भी निर्माण कार्य हों, उच्च गुणवतायुक्त हों। विभागों को निर्देश दिये गये हैं कि कार्यों की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होगा।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि हमने जनता से जो वायदे किये हैं, उन्हें पूरा किया जायेगा। राज्य में नई सरकार के गठन के बाद पहली ही कैबिनेट में समान नागरिक संहिता के लिए ड्राफ्ट बनाने के लिए कमेटी बनाने का निर्णय लिया गया।

इसके लिए 05 सदस्यीय कमेटी का गठन किया जा चुका है। राज्य में 01 लाख 85 हजार अंत्योदय कार्ड धारकों को साल में 03 सिलेण्डर मुफ्त दिये जाने का शासनादेश हो चुका है और इसके लिए बजट का प्राविधान भी किया जा चुका है। रूरल इंटरप्राइज एक्सलरेशन प्रोग्राम का लक्ष्य महिलाओं की आय में दोगुनी वृद्धि कर महिला सशक्तीकरण को बढ़ावा देना है।

यह परियोजना प्रदेश के सभी विकासखण्डों में लागू होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि 09 नवम्बर 2025 को उत्तराखण्ड राज्य स्थापना दिवस की रजत जयंती मनायेगा। 2025 तक राज्य हर क्षेत्र में अग्रणी राज्यों में शामिल हो इसके लिए पूरा रोडमैप तैयार किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में नया वर्क कल्चर आया है। सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास एवं सबका प्रयास के मूल मंत्र पर देश आगे बढ़ रहा है।

इस दौरान उल्टी दौड़ में कीर्तिमान बनाने वाले पिथौरागढ़ के मोहन सिंह गुरूंग को भी सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, रेखा आर्य, विधायक विनोद चमोली, उमेश शर्मा काऊ, सविता कपूर, भोपाल राम टम्टा, पूर्व विधायक राजेश शुक्ला, अपर मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन, सचिव शैलेश बगोली, सचिन कुर्वे, दीपेन्द्र चौधरी, जिलाधिकारी देहरादून डॉ. आर.राजेश कुमार, विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी एवं वर्चुअल माध्यम से सभी जनपदों के जिलाधिकारी, जनपद स्तरीय अधिकारी व प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के लाभार्थी मौजूद थे।

उत्तराखंड