- बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, ठिठुरन बढ़ी, लोगों ने निकाले गर्म कपड़े
नरेंद्रनगर। क्षेत्र में गुरुवार से जारी बारिश का सिलसिला शुक्रवार शाम तक भी नहीं थमा। लगातार हो रही वर्षा से जहां ठंड और ठिठुरन में इजाफा हुआ है, वहीं जनजीवन भी प्रभावित हो गया है। नई टिहरी सहित ऊंचाई वाले इलाकों में शीतलहर ने फिर दस्तक दे दी है, जिससे लोगों ने दोबारा गर्म ऊनी कपड़े पहनने शुरू कर दिए हैं।
लगातार बारिश से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि, यह बारिश वन विभाग के लिए राहत लेकर आई है। जंगलों में लगी आग पूरी तरह बुझ गई है और धुंध भी छंट गई है। वहीं किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। उनका कहना है कि यह बारिश सेब सहित अन्य फसलों के लिए लाभकारी साबित होगी।
नरेंद्रनगर में बढ़ी दिक्कतें
नरेंद्रनगर शहर में सीवर लाइन बिछाने के बाद सड़कों की हालत बदतर हो गई है। जगह-जगह खोदे गए गड्ढों में बारिश का पानी भर गया है, जिससे राहगीरों और दोपहिया वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर मलबा और रोड़ी पड़ी होने से लोग फिसल रहे हैं और सड़कें तालाब में तब्दील हो गई हैं।
स्थानीय लोगों ने कार्यदायी संस्था वीवीआईपी गाजियाबाद की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि सीवर लाइन बिछे करीब 20 दिन हो चुके हैं, लेकिन अब तक न तो गड्ढे भरे गए हैं और न ही सड़कों का डामरीकरण किया गया है। कार्य की धीमी गति को लेकर लोगों में नाराजगी है।
सामाजिक कार्यकर्ताओं पवन कुमार डंयूडी, नरपाल सिंह भंडारी, उपेंद्र थपलियाल और धूम सिंह नेगी ने बताया कि धूप में जहां सड़कों पर धूल उड़ती है, वहीं बारिश में जलभराव से हालात और खराब हो जाते हैं।
इस संबंध में एसडीएम नरेंद्रनगर आशीष घिल्डियाल ने बताया कि लोक निर्माण विभाग को जल्द सड़कों की मरम्मत और डामरीकरण कराने के निर्देश दिए गए हैं।
