दून अस्पताल में ‘हॉस्पिटल ऑक्सीजन इकोसिस्टम’ पर कार्यशाला, स्वास्थ्यकर्मियों को दिए गुरुमंत्र
- अस्पतालों में निर्बाध ऑक्सीजन आपूर्ति के लिए टीमवर्क और नियमित मॉनिटरिंग जरूरी: प्रो. अतुल
- मजबूत ऑक्सीजन व्यवस्था ही सुरक्षित स्वास्थ्य सेवाओं की आधारशिला: डॉ. गीता जैन
देहरादून। राजकीय दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल के नेल्स स्किल सेंटर में हॉस्पिटल ऑक्सीजन इकोसिस्टम विषय पर कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला का उद्देश्य अस्पतालों में ऑक्सीजन प्रबंधन से जुड़े स्वास्थ्यकर्मियों की दक्षता बढ़ाना और आपात परिस्थितियों के लिए उनकी तैयारियों को मजबूत करना था।
कार्यशाला में नर्सिंग ऑफिसर, ऑपरेशन थिएटर (ओटी) तकनीशियन, आईसीयू तकनीशियन, एनपीसीसी एवं बीओटीटी के छात्र-छात्राओं के साथ ऑक्सीजन प्लांट तकनीशियनों ने भाग लिया। इस दौरान मेडिकल ऑक्सीजन के स्रोत, मेडिकल गैस पाइपलाइन सिस्टम (एमजीपीएस), ऑक्सीजन की मांग का आकलन, सुरक्षित ऑक्सीजन आपूर्ति, निगरानी, रखरखाव, आपातकालीन प्रबंधन और ऑक्सीजन संरक्षण जैसे विषयों पर विस्तार से जानकारी दी गई।
कार्यशाला में नेल्स स्किल सेंटर के प्रभारी प्रो. डॉ. अतुल कुमार सिंह, डॉ. निधि और डॉ. शोभा ने विशेषज्ञ व्याख्यान दिए। उन्होंने कहा कि अस्पतालों में निर्बाध ऑक्सीजन आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए टीमवर्क, नियमित निगरानी, समय पर रखरखाव और आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई बेहद आवश्यक है।
कार्यक्रम का शुभारंभ मेडिकल कॉलेज की प्राचार्य डॉ. गीता जैन और चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आर.एस. बिष्ट ने किया। उन्होंने कार्यशाला की सराहना करते हुए प्रतिभागियों से अस्पतालों में ऑक्सीजन प्रबंधन से जुड़े सुरक्षा मानकों और गुणवत्ता का कड़ाई से पालन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि मजबूत ऑक्सीजन व्यवस्था सुरक्षित और प्रभावी स्वास्थ्य सेवाओं की आधारशिला है
कार्यशाला का समापन प्रश्नोत्तर सत्र के साथ हुआ, जिसमें प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का समाधान किया गया और अस्पतालों की आपदा एवं आपातकालीन तैयारियों को और मजबूत बनाने पर जोर दिया गया।